
आज हम भी अपना जन्म-दिन मना रहे हैं. 1943 से लेकर जीवन का एक लम्बा पड़ाव पूरा हो चुका है, जहाँ बड़े सुकून से अपनी जिंदगी प्रवाहमान है. गुलाम भारत में जन्म लिए, पर आजाद भारत में सांसें ले रहे हैं, यही क्या कम है. अतीत के पन्ने पलटता हूँ तो लगता है पूरी एक किताब ही लिख डालूँ. सरकारी नौकरी से रिटायर्ड होने के बाद परिवार का हर पल साथ और अध्ययन, लेखन और समाज सेवा में बड़ा सुकून मिलता है. बेटे-बहू, बेटी-दामाद सब जीवन में सेटल होकर अच्छी पोस्टों पर विराजमान हैं, बस छोटा बेटा अभी कैरियर की जद्दोजहद में है, सो वह भी अपनी लाइन पकड़ लेगा।
ईश्वर की कृपा से जीवन ने बहुत कुछ दिया है. आज भी कुछ नया सीखने की लालसा बनी रहती है और पत्र-पत्रिकाओं, किताबों को अनवरत पलटता रहता हूँ, नहीं तो दोस्तों के साथ गपबाजी तो है ही. आजकल अपने प्रकाशित लेखों को पुस्तकाकार रूप में लाने की सोच रहा हूँ. देखिये, शायद अगले जन्मदिन तक यह भी हो जाय. फ़िलहाल आज तो प्रकृति के उस अद्भुत पल को महसूस करने का दिन है, जब इस धरा पर अंकुरण हुआ था।
हिंदी ब्लागरों के जन्मदिन पर भी पाबला जी और अन्य ब्लागरों ने बधाई प्रेषित की है. ऑरकुट, फेसबुक और ई-मेल पर भी जन्मदिन की बधाइयाँ मिली हैं. आप सभी की शुभकामनाओं के लिए ह्रदय से आभार !!
दादा जी,
जवाब देंहटाएंजन्मदिन पर आपको ढेर सारा प्यार और बधाई.
आप पाखी के दादा जी हैं, जानकर ख़ुशी हुई. आपको जन्मदिन पर खूब बधाइयाँ. आप यूँ ही समाज-साहित्य-ब्लाग को अपना अमूल्य योगदान देते रहें और हम लोगों को आशीर्वाद और प्रेरणा.
जवाब देंहटाएंआप पाखी के दादा जी हैं, जानकर ख़ुशी हुई. आपको जन्मदिन पर खूब बधाइयाँ. आप यूँ ही समाज-साहित्य-ब्लाग को अपना अमूल्य योगदान देते रहें और हम लोगों को आशीर्वाद और प्रेरणा.
जवाब देंहटाएंआपको जन्मदिन की बहुत सारी बधाई
जवाब देंहटाएंAapko janamdin kee bahut bahut haardik shubhkamnayen..
जवाब देंहटाएंबधाई !!!
जवाब देंहटाएंजन्म दिन की शुभकामनायें.
जवाब देंहटाएंआपको जन्मदिन की बहुत सारी बधाई
जवाब देंहटाएंजन्मदिन पर आप सभी की शुभकामनाओं के लिए आभारी हूँ.
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